bhaijaan_goldenwriteszakir

आका हुसैन 20 ❤ 08 ❤ 1989

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  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    तेरी बाहों के घेरे - यादों की परछाई में "मौजूद है
    तू होकर भी दूर "मेरी रूह के आईने में तेरा बजूद है
    ©bhaijaan_goldenwriteszakir

  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    Collab ✍️

    @harish8588
    उसकी शादी थी - मैं भी वहीँ था
    वो विदा हुई , मैं भी अभी तक नही लौटा ..

    आज भी उस अग्नि के फेरो में - जल रहा हूँ मैं
    पल पल तन्हाई की बारिश में - भीग रहा हूँ मैं
    वो आई नही फिर लौटकर और - गया नही मैं
    भटक रही रूह इश्क़ की उन गलियों में ...

  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    #jp #zakir #Bharat #indian #tiranga
    . @alkatripathi @monadeep @aka_ra_143 @shruti_25904 @anusugandh

    जय हिन्द जय भारत जय जवान जय किसान
    नमन वीर शहीदो को ����������������������������������������
    दिल से हमसब का उनको सलाम ����������������������������������������

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    15 अगस्त

    आजादी की खुशबू मातृभूमि पर महकी थी
    वीर शहीदों की क़ुर्बानी नई सुबह बनकर
    हमारी ज़िन्दगी में रौशन हुई थी ,,

    हक़ अदा उनका --- हम कैसे चुकाएँ -
    आज धर्म की आग में हम बट रहे ,,
    भूलकर अपने पुर्बजो की क़ुर्बानी
    हम आपस में लड़ रहे .. ....

    ©bhaijaan_goldenwriteszakir

  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    मतलब के शहर में " हम " नीलाम कुछ इस तरह हुए
    बोली लगाकर मेरी " हम " बदनाम कुछ इस तरह हुए
    रात - दिन मेरा " वो सब खरीद कर अपने संग ले गए
    देकर तोहफ़ा प्यार में - तन्हाई बेबसी बिखरते ख़्वाब
    वो मुस्कुराकर हमारी ज़िन्दगी से अलविदा कुछ इस तरह हुए
    ©bhaijaan_goldenwriteszakir

  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    तमाम रातों का हिसाब "हम उन्हें क्या दें '
    तन्हाई से लबरेज ज़िन्दगी - उस दर्द का एहसास हम उन्हें क्या दें
    उल्फत में ही सही - अधूरी मोहब्बत का गम उन्हें क्या दें
    जंजीरें यादों की "अपनी हर इक साँसो पर लिपटी रही
    भूली बिसरी उनकी कहानी का तोहफ़ा नम आँखों से उन्हें क्या दे
    संवर जाने दो उनकी ज़िन्दगी उनके आँगन में हम बद्दुआ उन्हें क्या दें
    वो खुश यही देख कर मुस्कुरा लेते हैं अपने छुपे हुए दर्द उन्हें क्या दें
    तोहमत तक़दीर की लकीरों को बिखरते ख़्वाब अकसर देते रहे
    अब इल्जाम उसकी वफ़ा पर बेवफाई का हम उन्हें क्या दें ....
    ©bhaijaan_goldenwriteszakir

  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    ताजमहल ❤

    मोहब्बत के शहर में इक ताजमहल हमने भी बनाया था
    रख कर उसमे इश्क़ की तस्वीर मोहब्बत से उसे सजाया था
    ❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤
    यादों में आज भी उसकी दीवारे जमीं से फलक को छू रही
    मोहब्बत की गलियों में आज भी चाहत की कहानी लिख रही
    ❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤
    शाहजहां उस ज़माने का " वो आशिक धनवान पुराना था
    हम आज के दीवाने गरीब "ख़्वाबों में ताजमहल बनाए
    ❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤❤

  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    दिल की हसरत - तुम बिन अधूरी रहगई
    मिलकर मिले नही हम - वो मोहब्बत अधूरी रहगई
    ख़्वाब इश्क़ में ----- हम दोनों ने ही सजाए थे
    वो ख़ुशी के साय हमारी ज़िन्दगी में बिखर कर रहगई
    ©bhaijaan_goldenwriteszakir

  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    तेरे जाने के बाद - आज भी उन रास्तो पर तुम्हे ढूंढ़ता हूँ '
    जहां थामकर हाथ मेरा - - - " तुम चलते थे ...
    ©bhaijaan_goldenwriteszakir

  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    साथ फेरो की अग्नि ने --- हमें पराया कर दिया
    तेरी मांग में सजे - सिंदूर ने हमें अजनबी बना दिया ...

    #jp #zakir

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    मैं जानता हूँ - तुम लौट कर "अब मेरे पास आ ना सकोगे
    हो गया मैं दूर तुमसे इतना - मुझे पाकर तुम मुझे छू ना सकोगे
    ©bhaijaan_goldenwriteszakir

  • bhaijaan_goldenwriteszakir 23w

    तेरे ख्यालों से दूर " मैं " जाऊं कहां '
    मेरे हर इक तरफ " बस तेरा ही साया
    उस मोहब्बत की जमीं से दिल के फलक को छुपाऊं कहां
    ©bhaijaan_goldenwriteszakir