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Reposts
  • massumthoughts 2d

    मुझको मेरे वजूद की हद तक न जानिए,
    बेहद हूँ , बेहिसाब हूँ, बेइन्तहा हूँ मैं..

  • massumthoughts 4d

    " ख़्वाब तेरे ही रहेंगे हमेशा मुझे भरोसा है अपनी आंखों पर "

  • massumthoughts 1w

    श्याम श्याम हर फूल पुकारे
    शाखें राधे राधे
    सारे जग को प्रेम सिखाते
    मिलकर आधे आधे..

  • massumthoughts 1w

    Auron me khud ko kho ke
    Main ko paana
    Bahut bada kam hai


    Jeena isi kaa naam hai

  • massumthoughts 1w

    शाम सूरज को ढलना सिखाती है;
    शम्मा परवाने को जलना सिखाती है;
    गिरने वाले को तकलीफ तो होती है मगर;
    ठोकर इंसान को चलना सिखाती है।

  • massumthoughts 3w

    HAPPY NEW YEAR 2022

    परमपिता परमेश्वर आपको
    सुबह की पहलीकिरण से शुरू
    होने वाले नए साल 2022 में
    सुख, शांति, संपत्ति,स्वरूप,संयम
    शालीनता,सादगी, सफलता, सम्रद्धि,साधना, संस्कार, यश
    और बहुत अच्छा स्वास्थ्य दे!
    इन्हीं सुभकामनाओं के साथ
    आप को और आपके परिवार
    को मेरी तरफ से नए साल 2022
    की हार्दिक सुभकामनाएँ !''
    WELCOME@202.

  • massumthoughts 5w

    "कभी चाल,कभी मकसद,कभी मंसूबे यार होते हैं...,
    इस दौर में नमस्कार के भी मतलब हजार होते हैं..!"

  • massumthoughts 8w

    Missing

    सालों बाद वो नजर आया कुछ इस अंदाज से
    जैसे नजरें उसकी मिलगई हो किसी अंजान से।
    .
    देखकर उसका यू मुड़जाना इक तसल्लि देगया यारों
    रिश्ता तो आज भी गहरा है उसका, इस नादान से।
    . कुछ कसमें, कुछ वादों के जो गवाह हुआ करते थे
    वो ठिकाने अब नजर आते है कुछ विरान से।
    .
    जुदा होना हि मुकद्दर है, तो इक फरियाद सुनले मालिक
    उसे तमाम खुशियाँ हासिल हो इस जहान से।

  • massumthoughts 8w

    गर फिरदौस बर रुए ज़मीं अस्त,
    हमीं अस्तो, हमीं अस्तो, हमीं अस्तो

  • massumthoughts 9w

    घुल रही है दिन में रात
    और समा शराब हो रहा है
    देखो उतर आए हैं बादल ज़मीन पर
    और मौसम खराब हो रहा है