• saket28 91w

    संगम 2

    संगम की अविरल धारा देख अनायास उनकी याद आ गई
    जीवन के कशमकश की यादें ताजा हो आई
    गिरता उठता आखिर पहुंच ही पड़ा
    काश कि कुछ वक़्त ने उसकी मान ली होती
    अनायास आज संगम कि धारा ने करवट ली
    पुनः याद उनकी आ गई।।
    देख संगम की अविरल धारा याद उनकी आ गई।