• amateur_skm 9w

    बेटी के लिए

    जिस दिन अंधेरे से डरना बंद कर दी
    और
    फिर अगली सुबह तुम्हारे दूध का दांत टूट जाए
    तुम आंसू बहाने के बजाय
    आंसू घोंटना सीख जाओगी
    तब तुम थोड़ी बड़ी हो जाओगी

    फिर किसी शाम पार्क में
    हीलियम वाले रंग बिरंगे गुब्बारे दिखेंगे
    तुम उन्हें अपनी नन्ही उंगलियों से पकड़ने जाओगी
    गुब्बारा आसमान में उड़ जाए
    पैर फिसलेगा हो सकता है
    घुटना छिल जाए और खून बहने लगे
    तुम रोना शुरु कर दो तभी
    लगेगा कोई तुम्हारे कान में फुसफुसा रहा है
    "उठो!वो आखिरी गुब्बारा नहीं था"
    तुम रोना धोना छोड़ कर देखोगी
    कौन है? किसने कहा?
    वो कोई नहीं था!
    वो तुम खुद हो
    जो ख़ुद के हारने पर
    ख़ुद को हारने ना दे!

    जैसे जैसे और बड़ी होगी
    तुम्हें मालूम चलेगा
    ये सुख दुःख जीवन मृत्यु सब छोटी चीज है
    सबसे ज़रूरी संघर्ष करना
    चाहे ख़ुद के साथ हो
    या दुनिया के साथ हो!

    /तुम्हारा पिताअगर हम मिलें